पुराण इतिहास · PUR-123
अद्भुत रामायण
Adbhuta Rāmāyaṇa
अद्भुत रामायण
अद्भुत रामायण, अर्थात् 'विस्मयकारी रामायण', परम्परा में वाल्मीकि-रचित मानी जाती है, पर विद्वान इसे बहुत बाद की रचना मानते हैं। यह रामकथा को शाक्त दृष्टि से कहती है: दशानन रावण के वध के बाद कहीं अधिक शक्तिशाली सहस्रमुख रावण प्रकट होता है, और जब राम मूर्च्छित हो जाते हैं, तब सीता काली-सदृश भयंकर रूप धारण कर उसका संहार करती हैं। इसका अध्ययन दिखाता है कि देवी को परम शक्ति के रूप में सम्मान देने के लिए रामकथा की नई कल्पना कैसे हुई।
आप क्या सीखेंगे
- अद्भुत रामायण वाल्मीकि रामायण से कैसे भिन्न है
- शक्ति-रूपा सीता और देवी की सर्वोच्चता
- भारतीय परम्परा की अनेक रामायणें
पाठ
- 1अद्भुत रामायण: परिचय🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 2रचयिता, काल और अनेक रामायणें🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 3इस कथा में सीता का अनोखा जन्म🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 4सहस्रमुख रावण🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 5सीता का उग्र रूप और विजय🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 6शक्ति-सिद्धान्त और राम-परम्परा🔒 नामांकन के बाद खुलेगा