पुराण इतिहास · PUR-101
भागवत पुराण
Bhāgavata Purāṇa
भागवत पुराण
भागवत पुराण भक्ति का महान ग्रन्थ है। बारह स्कन्धों में महर्षि शुकदेव उन राजा परीक्षित को कथा सुनाते हैं जिनके जीवन के केवल सात दिन शेष हैं। इसमें विष्णु के अवतार, ध्रुव और प्रह्लाद जैसे भक्तों के प्रसंग और दशम स्कन्ध में व्रज, मथुरा तथा द्वारका में श्रीकृष्ण की लीलाएँ वर्णित हैं। इसके अध्ययन से समझ आता है कि दर्शन, कथा और काव्य मिलकर भक्ति-मार्ग कैसे रचते हैं, जिसने सदियों से भारतीय उपासना, संगीत और नृत्य को दिशा दी है।
आप क्या सीखेंगे
- बारह स्कन्धों की संरचना और कथा-ढाँचा
- विष्णु के अवतार और प्रमुख भक्तों की कथाएँ
- श्रीकृष्ण-केन्द्रित भक्ति का सिद्धान्त
पाठ
- 1भागवत पुराण: परिचय🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 2परीक्षित, शुकदेव और कथा की भूमिका🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 3सृष्टि और विष्णु के अवतार🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 4ध्रुव, प्रह्लाद और महान भक्त🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 5दशम स्कन्ध: श्रीकृष्ण-चरित🔒 नामांकन के बाद खुलेगा
- 6उद्धव गीता और भक्ति-मार्ग🔒 नामांकन के बाद खुलेगा